This entry was posted on 2, January 2008 at 11:38 am and is filed under कार्टून.
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यूँ तो मुझे जयादा बोलने की आदत नहीं… मगर इस पर बोलूँ तो क्या बोलूँ.. काश हमारे साथ साथ “सम्बन्धित” कर्मचारी भी पडें.. तो उनकी प्रतिक्रिया देखने लायक हॊगी ॥
Sanjeet Tripathi said
सटीक!!
Amit said
सही।
Deepa Govind said
यूँ तो मुझे जयादा बोलने की आदत नहीं… मगर इस पर बोलूँ तो क्या बोलूँ.. काश हमारे साथ साथ “सम्बन्धित” कर्मचारी भी पडें.. तो उनकी प्रतिक्रिया देखने लायक हॊगी ॥
neeraj said
भाई नाहर जी बहुत करारा व्यंग….बहुत बढ़िया. वाह.
नीरज
ghughutibasuti said
बढ़िया है ।
घुघूती बासूती
garima said